SEBA Class 10 Hindi Chapter 6 Answer 2026 | Class 10 Hindi Lesson 6 चिट्ठियों की अनूठी दुनिया Question Answer | SCERT Assam Class 10 Hindi | SEBA Class 10 Hindi |

चिट्ठियों की अनूठी दुनिया

1. सही विकल्प का चयन करो:(क) पत्र को उर्दू में क्या कहा जाता है?उत्तर: खत।
(ख) पत्र लेखन है-उत्तर: एक कला।
(ग) विश्व डाक संघ ने पत्र लेखन की प्रतियोगिता शुरू की-उत्तर: सन 1972 से।
(घ) महात्मा गांँधी के पास दुनियाभर से तमाम पत्र किस पते पर आते थे?उत्तर: महात्मा गांँधी- इंडिया।
(ङ) तमाम सरकारी विभागों की तुलना में सबसे ज्यादा गुडविल किसकी है-उत्तर: डाक विभाग।
2. संक्षिप्त उत्तर दो:(क) पत्र ऐसा क्या काम कर सकता है जो संचार का आधुनिकतम साधन भी नहीं कर सकता?उत्तर:  पत्र पढ़ते समय लिखने वाले व्यक्ति के भाव और अनुभूति को स्पष्ट रूप से महसूस किया जा सकता है। जो एक आधुनिक साधन उस प्रकार का अनुभूति नहींं प्रकट कर सकता। आज चाहे जितनी तेजी से संचार माध्यम का विकास हुआ हो, वह कभी पत्र का स्थान नहीं ले सकता। क्योंकि पत्र लिखने और पढ़ने में जो अनुभूति होती है, वह दूसरे साधन में नहीं महसूस किया जा सकता।
(ख) चिट्ठियों की तेजी अन्य किन साधनों के कारण बाधा प्राप्त हुई है?उत्तर: संचार माध्यमों ने इतनी तेजी से विकास किया है कि चिट्टियांँ का प्रयोग पहले दिनों के मुकाबले कम हो गया है। हालांकि आज भी चिट्ठियों का प्रयोग कई कामों में किया जाता है। पर आज चिट्ठियों की तेजी फैक्स, ई-मेल, टेलीफोन तथा मोबाइल आदि साधनों के कारण बाधा प्राप्त हुई है।
(ग) पत्र जैसा संतोष फोन या एसएमएस का संदेश क्यों नहीं देख सकता?उत्तर: फोन या एसएमएस में वह आदर तथा प्रेम की भावना उत्पन्न नहीं होती जो एक पत्र पढ़ने में होती है। फोन या एसएमएस द्वारा प्राप्त संदेशों को हम ज्यादा दिनों तक टिका कर नहीं रख सकते। फोन एक यांत्रिक साधन है जो कभी भी खराब हो जाने से उसमें से सारे संदेश समाप्त हो जाते है। पर पत्र के क्षेत्र में ऐसा कुछ नहीं होता। पत्र को हम संजोकर रख सकते हैं। इसलिए पत्र जैसा संतोष फोन या एसएमएस का संदेश नहीं दे सकता।
(घ) गांँधीजी के पास देश-दुनिया से आये पत्रों का जवाब वे किस प्रकार देते थे?उत्तर: गांँधी जी के पास देश-दुनिया से आये पत्रों का जवाब वे तुरंत ही अपने हाथों से लिख देते थे। जब लिखते-लिखते उनका दाहिना हाथ दर्द करने लगता था तो वे बाएंँ हाथ से लिखना शुरू कर देते थे।
(ङ) कैसे लोग अब भी बहुत ही उत्सुकता से पत्रों का इंतजार करते हैं?उत्तर: आज देश के करोड़ों लोग खतों और अन्य सेवाओं का इस्तेमाल डाकघरों के माध्यम से कर रहे हैं। संचार साधन पहले दिनों के मुकाबले बड़ी तेजी से उन्नत हुआ है। लेकिन आज भी झोपड़ियों, पहाड़ों, समुद्र तट के मछुआरों या फिर रेगिस्तान की ढाणियों में रहने वाले लोग को बड़ी उत्सुकता से पत्रों का इंतजार रहता है। दूर देहात में रहने वाले गरीबों के घर  मनीआर्डर आने पर ही चूल्हे जलते हैं। दूसरी ओर दूर सीमा पर तैनात सैनिकों को तो घर से भेजे गए पत्रों का बड़ी बेसब्री से इंतजार रहता है।

3. उत्तर दो:(क) पत्र को खत, कागज, उत्तरम, लेख इत्यादि कहा जाता है। इन शब्दों से संबंधित भाषाओं के नाम बताओ।उत्तर: चाहे किसी भी भाषाओं में पत्रों को लिखा जाए उसमें वही अनुभूति और भाव जागृत होगा। अर्थात पत्रों का भाव सब जगह एक सा है, भले ही उसका नाम अलग-अलग हो। हमारे देश में ऐसे कई भाषाएं हैं जहांँ पत्र को  अलग-अलग नाम से पुकारा जाता है। जैसे उर्दू में पत्र को खत, संस्कृत में पत्र, कन्नड़ में कागद, तेलुगु में उत्तरम या लेख तथा तमिल में कडिद आदि कहा जाता है। हर एक की अपनी पत्र लेखन कला है और हर एक के पत्रों का अपना दायरा।
(ख)पाठ के अनुसार भारत में रोज कितनी चिट्टियांँ डाक में डाली जाती है और इससे क्या साबित होता है?उत्तर: पाठ के अनुसार भारत में रोज साढ़े चार करोड़ चिट्टियांँ डाक में डाली जाती है। शहरी क्षेत्र हो या गांँव, बर्फीले पहाड़ हो या रेगिस्तानी इलाके सभी के घरों में चिट्ठी या मनीऑर्डर का इंतजार रहता है। इससे यह साबित होता है कि भारत में पत्रों की कितनी ज्यादा अहमियत है।
(ग) क्या चिट्ठियों की जगह कभी फैक्स, ई-मेल, टेलीफोन तथा मोबाइल ले सकते हैं?उत्तर: चिट्ठियों की जगह कभी फैक्स, ई-मेल, टेलीफोन तथा मोबाइल कभी नहीं ले सकते हैं। क्योंकि इन आधुनिक साधनों से वह अनुभूति व एहसास नहीं मिलता जो कि एक हाथ से लिखे गए पत्रों को पढ़ने से मिलता है। किसी प्रिय जनों के द्वारा दिए गए चिट्ठी को संजोकर रखा जाता है। चिट्ठी जितनी भी पुरानी क्यों न हो उसे फिर से पढ़ने पर वही सुखद अहसास व रोमांच मिलता है। चिट्ठी की यही बात आधुनिक संचार माध्यमों से अलग बनाता है।
(घ) किनके पत्रों से यह पता चलता है कि आजादी की लड़ाई बहुत ही मजबूती से लड़ी गई थी?उत्तर: आजादी के दौरान दुनिया भर से महात्मा गांँधी, जवाहरलाल नेहरु, भगत सिंह आदि तमाम नायको के नाम पर गांँव-गांँव से हजारों संस्थाओं में पत्र भेजे जाते थे। ‘महात्मा गांँधी इंडिया’ लिख देने से ही गांधी जी के  पास चिट्ठी पहुंँच जाती थी। वे भी उस पत्र का उत्तर तुरंत लिख कर भेज देते थे। ऐसे कई पत्र आजादी के नायकों ने अपने देशवासियों को लिखा था और उन पत्रों को आज भी संजोकर रखा गया है तथा कईयों ने तो पत्र को फ्रेम कराकर रख लिया है।इन्हीं पत्रों द्वारा पता चलता है कि आजादी की लड़ाई बहुत ही मजबूती से लड़ी गई थी।(ङ) संचार के कुछ आधुनिक साधनों के नाम उल्लेख करो।उत्तर: आधुनिक समाज को उन्नत बनाने में विज्ञान का हाथ है। विज्ञान ने हर क्षेत्र में नए-नए आविष्कारों से जिंदगी को सरल बना दिया है। उसी प्रकार संचार माध्यम भी पहले के मुकाबले आधुनिक साधनों से युक्त हो गए है। जैसे प्रिंट मीडिया में डाक पत्र, सरकारी पत्र, समाचार पत्र, पत्रिकाओं आदि छपने लगे हैं। उसी तरह इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में रेडियो, दूरदर्शन, कंप्यूटर, मोबाइल, टेलीफोन ई-मेल, इंटरनेट, एसएमएस आदि आधुनिक साधनों ने संचार माध्यम को काफी तेजी से विकसित किया है।

4. सम्यक उत्तर दो:(क) पत्र लेखन की कला के विकास के लिए क्या क्या प्रयास हुए?उत्तर: पत्र लेखन की कला के विकास के लिए भारत सरकार ने डाक व्यवस्था को सुधारा तथा साथ ही पत्रों को सही दिशा दिलाने के लिए स्कूली पाठ्यक्रमों में पत्र लेखन का विषय भी शामिल करवाया गया है।भारत ही नहीं दुनिया के कई देशों में यह प्रयास चले और विश्व डाक संघ ने अपनी ओर से भी काफी प्रयास किए। ‘विश्व डाक संघ’ की ओर से 16 वर्ष से कम आयु वर्ग के बच्चों के लिए पत्र लेखन प्रतियोगिताएँ आयोजित करने का सिलसिला सन 1972 से शुरू किया गया।आज भी समय-समय पर कई स्कूलों में निजी तौर पर पत्र लेखन प्रतियोगिताएंँ आयोजित होती रहती है।
(ख) वास्तव में पत्र किसी दस्तावेज से कम नहीं है – कैसे?उत्तर: पत्र सिर्फ भावों या विचारों का आदान-प्रदान नहीं करता बल्कि उन पत्रों से एक जगह से दूसरी जगह की आर्थिक, सामाजिक एवं भौगोलिक वातावरण की जानकारी भी देता है। सहेज कर रखे हुए पुराने पत्र को पढ़ने से उस काल की स्थिति का पता चलता है। जिस प्रकार महात्मा गांँधी और रविंद्र नाथ टैगोर के बीच सन 1915 से 1941 के बीच पत्राचार का संग्रह प्रकाशित हुआ जिसमें बहुत से नए तत्व और उनकी मनोदशा के साथ उस समय देश में हो रहे स्थिति के तत्व मिलते हैं। ऐसे कई पत्र लिखे गए हैं जो कि एक प्रमाण पत्र की तरह कार्य करते हैं। अतः यह कहना गलत नहीं होगा कि वास्तव में पत्र किसी दस्तावेज से कम नहीं हैं।
(ग) भारतीय डाक घरों की बहुआयामी भूमिका पर आलोकपात करो।उत्तर: भारतीय डाकघर एक ऐसा विभाग है जिस पर लाखों लोग निर्भर करते है। डाकघर लोगों को एक दूसरे से जोड़ने का काम करता है। इसी को संदेश भेजना हो, पार्सल करना हो या मनीऑर्डर करना हो यह सभी काम डाकघर के माध्यम से हर रोज किया जाता है। डाकिया उसे सही जगह पर पहुंँचा कर लोगों के मन को संतोष देता है। गांँव एवं बस्तियों में चिट्ठी या मनीऑर्डर पहुंचाने वाला डाकिया देवदूत के रूप में देखा जाता है। क्योंकि लाखों गरीबों के घरों में आज भी चूल्हे मनीऑर्डर अर्थव्यवस्था से ही जलते हैं। भारत के किसी भी कोने में डाकघर के माध्यम से अपना संदेश पहुंँचाया जा सकता है और यह काम कई वर्षों से भारतीय डाकघर बखूबी से करता आ रहा है।
Additional question and previous paper solve: 
A. अति संक्षिप्त प्रश्न :
1. ‘पिता के पत्र पुत्री के नाम’ चिट्टियों के संकलन का लेखक कौन है ? [HSLC’20]

(a) महात्मा गांधी

(b) इंदिरा गांधी

(c) जवाहरलाल नेहरु

(d) सुभाष चन्द्र बोस बहुत मुस्यैद रहते थे ?

उत्तरः (a) महात्मा गांधी

2 पत्रों के जवाब देने में कौन? [HSLC’14]

उत्तरः महात्मा गांधी

3. कन्नड़ भाषा में पत्र को क्या कहा जाता है?

उत्तरः उत्तरम्

4. गाँवों या गरीब बस्तियों में चिट्ठी या मनीआर्डर लेकर पहुँचने वाला डाकिया किस रुप में देखा जाता हैं? [HSLC’15]

उत्तरः देवदूत के रूप में

5. उर्दू में पत्र को क्या कहा जाता हैं ? [HSLC’14,’19]

उत्तरः खत
6. महात्मा गाँन्धी के पास दुनिया भर से तमाम पत्र किस पते पर आते थे ? [HSLC’15]

उत्तरः महात्मा गांधी – इंडिया

7. कन्नड़ भाषा में पत्र को क्या कहा जाता है? [HSLC’16,’19]

उत्तरः उत्तरम्
8. एसएमएस का अर्थ क्या है ? [HSLC’16]

उत्तरः Short Message Service

9. गाँव अथवा गरीब बस्तियों के लोगों के लिए देवदूत कौन है? [HSLC’17,’20]उत्तरः 

डाकिया

10. किस भाषा में पत्र को ‘खत’ कहा जाता है ? [HSLC’18]

उत्तरः उर्दू
11. महात्मा गाँधी और रवीन्द्रनाथ टैगोर के बीच सन् 1915 से 1941 के मध्य हुए पत्राचार का संग्रह किस नाम से प्रकाशित हुआ है ? [HSLC’18]
उत्तरः 
‘महात्मा और कवि’

12. “पिता के पत्र पुत्री के नाम” किसकी रचना है ? [HSLC’20]

उत्तरः महात्मा गांधी

B. संक्षिप्त प्रश्न :

अंक 2/3

1. पत्र में ऐसे क्या-क्या गुण होते हैं जो नए संचार माध्यमों में नहीं होते ? [HSLC ’14]

उत्तरः पत्र व्यक्तिगत भावनाओं और विचारों को सहेजने की क्षमता रखते हैं। यह एक स्थायी दस्तावेज होते हैं, जिन्हें हम बाद में पढ़ सकते हैं। पत्र लेखन में कला और गहराई होती है, जो संक्षिप्त संदेशों में नहीं मिलती। इसके अलावा, पत्र का संवेदनशीलता और जुड़ाव होता है, जो ई-मेल या एसएमएस में नहीं होता।

2. ‘चिट्ठियों की अनूठी दुनिया’ शीर्षक पाठ के आधार पर स्पष्ट करो कि दुनिया का तमाम साहित्य पत्रों पर केन्द्रित है। [HSLC’15]

उत्तरः पत्रों ने न केवल व्यक्तिगत संबंधों को स्थापित किया है, बल्कि साहित्यिक और ऐतिहासिक साक्ष्यों का भी आधार प्रदान किया है। कई प्रसिद्ध लेखकों और कवियों ने अपने विचार, अनुभव और रचनात्मकता को पत्रों के माध्यम से व्यक्त किया। इस प्रकार, पत्र साहित्य के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं और कई साहित्यिक कृतियाँ पत्रों पर आधारित हैं।

3. देश- दुनिया से आने वाले पत्रों का जवाब गाँधीजी किस प्रकार देते थे ? [HSLC’16]

उत्तरः महात्मा गांधी पत्रों का जवाब तुरंत देते थे। जब उन्हें कोई पत्र मिलता था, तो वे उसी समय उसका उत्तर लिख देते थे। अपने हाथों से पत्र लिखने में सक्रिय रहते थे और जब उनका दाहिना हाथ दर्द करता था, तो वे बाएँ हाथ से लिखने का प्रयास करते थे।

4. पत्र-लेखन से क्या-क्या लाभ होते हैं (किन्ही तीन लाभों का उल्लेख करो।) [HSLC’17]उत्तरः पत्र लेखन के तीन लीभ नीचे दिए गए हैं- 1.पत्र लिखने से विचारों और भावनाओं को स्पष्टता से व्यक्त किया जा सकता है।2.पत्र स्थायी दस्तावेज होते हैं, जिन्हें भविष्य में संदर्भ के लिए रखा जा सकता है।3.पत्र लेखन में रचनात्मकता और संवाद कौशल का विकास होता है।

5.पाठ के आधार पर संचार के आधुनिक साधनों के नामों का उल्लेख करो। [HSLC’18]

उत्तरः टेलीफोन, मोबाइल, फैक्स, ई-मेल, इंटरनेट।

6. “दूर देहात में लाखों गरीब घरों में चूल्हे मनीआर्डर अर्थव्यवस्था से ही चलते है।” आशय स्पष्ट करो। [HSLC’19]

उत्तरः इस वाक्य का आशय है कि ग्रामीण क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियाँ मनीआर्डर के माध्यम से संचालित होती हैं। मनीआर्डर के जरिए लोग पैसे भेजते हैं, जो गरीब परिवारों की आर्थिक जरूरतों को पूरा करने में मदद करता है। इस प्रकार, मनीआर्डर उनकी आर्थिक जीवनशैली का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।

अति संक्षिप्त प्रश्न :

1. सही विकल्प का चयन करो :

(i) पत्र को कन्नड़ में क्या कहा जाता है ?

(a) खत

(b) कागद

(c) उत्तरम्

(d) करिडद

उत्तरः (c) उत्तरम्

(ii) गांधी जी पत्रों का जवाब देने थे –

(a) खुद

(b) पी.ए. द्वारा

(c) अपने अनुगामी से लिखवाकर

(d) अपनी पत्नी के द्वारा

उत्तरः (a) खुद

(iii) ‘महात्मा और कलि’ नाम से प्रत्माशित पत्राचार का संग्रह किस-किसके बीच के पत्र का संकलन है ?

(a) रवीन्द्रनाथ ठाकुर और जवाहरलाल नेहरु के

(b) जवाहरलाल नेहरु और महात्मा गांधी के

(c) महात्मा गांधी और जवाहरलाल नेहरु के

(d) इंदिरा गांधी और राजीव गांधी के

उत्तरः (b) जवाहरलाल नेहरु और महात्मा गांधी के

(iv) चिट्टियों की अनुठी दुनिया पाठ के लेखक कौन है ? |

(a) जवाहरलाल नेहरु

(b) श्रीअरविंद कुमार सिंह

(c) इन्दिरा गांधी

(d) हखिंश राय बच्चन

उत्तरः (b) श्री अरविंद कुमार सिंह

B. संक्षिप्त प्रश्न :

1. पुराने जमाने में संचार का इकलौता साधन क्या था ?

उत्तरः पत्र

2. जवाहरलाल नेहरु अपनी पुत्री से किस तरह बातें किया करते थे ?

उत्तरः पत्र लिखकर

3. पुराने जमाने के संदेश वाहक क्या क्या थे ?

उत्तरः कबूतर, हरकारा, डाकिया

4. आज किन माध्यमों के कारण पत्र का व्यवहार कम होने लगे हैं ?

उत्तरः टेलीफोन, मोबाइल, फैक्स, ई-मेल, इंटरनेट

5.विश्व डाक संघ की और से पत्र लेखन प्रतियोनिता आयोजन करने का सिलसिला शुरू किया गया है ?

उत्तरः सन् 1972

6.भारत में रोज कितनी चिष्टियाँ कि में डाली है ?

उत्तरः लगभग साढ़े चार करोड़

7. पत्र को तमिल और तेलुगु में क्या-क्या कहते है ?

उत्तरः तमिल में कडिद, तेलुगु में उत्तरम्

8. प्रसाद जी ने लगभग कितनी कहानियाँ लिखी है ?

उत्तरः लगभग दो सौ कहानियाँ

9. महात्मा गांधी के पास दुनियाभर के पत्र किस पते पर आते थे?

उत्तरः महात्मा गांधी – इंडिया

10. प्राचीन काल में से संदेशों का आदान-प्रदान कैसे किय गया था ?

उत्तरः मौखिक रूप से या पत्र द्वारा

11. पत्रों के भाव कों सब जगह एक-सा क्यों कहा गया है ?

उत्तरः क्योंकि पत्र का भाव सभी संस्कृतियों में समान होता है, भले ही नाम अलग हो।

12. लोग पत्र की यादों को क्यों सहेज कर रखते है ?

उत्तरः क्योंकि पत्र भावनाओं और यादों का संग्रह होते हैं।

13. पहिए मे आकर संदेश वाहनों में क्या परिवर्तन लाया ?

उत्तरः संदेशों के आदान-प्रदान की गति को बढ़ाया।

14. कौन-कौन को साधन चिट्टियों की तेजी को रोका है?

उत्तरः फैक्स, ई-मेल, टेलीफोन, मोबाइल

15. आज के लोगों को पत्रों के लिए महीना इन्तजार करना क्यों। नहीं पड़ना था ?

उत्तरः क्योंकि परिवहन साधनों का विकास हुआ है, जिससे संचार की गति बढ़ गई है।

16. प्राचीन काल में पत्र के संदेश वाहन का एकमात्र माध्यम ! किनको माने जाते ये और क्यों ?

उत्तरः कबूतर, हरकारा और डाकिया; क्योंकि यही माध्यम उस समय संदेश पहुँचाने का कार्य करते थे।

17. पत्र व्यवहार जैसा संतोष अन्य किसी संदेश ये वाहक माध्यम में क्यों प्राप्त नहीं किया जा सकता ?

उत्तरः क्योंकि पत्र में व्यक्तिगत भावनाएँ, यादें और एक विशेष शिल्प होता है, जो अन्य माध्यमों में नहीं होता।

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