कश्मीरी सेब
1. ‘कश्मीरी सेब’ कहानी को पढ़कर अपने शब्दों में सुनाओ।
उत्तर: ‘कश्मीरी सेब’ कहानी में लेखक बाजार से सेब खरीदता है। दुकानदार बहुत आकर्षक और अच्छे सेब दिखाता है, परंतु घर पहुँचने पर लेखक को पता चलता है कि दिए गए सेब खराब और सड़े हुए हैं। इससे लेखक को पैसों के नुकसान से अधिक दुख समाज के नैतिक पतन का होता है।
कहानी के अंत में लेखक एक खोमचेवाले की ईमानदारी का उदाहरण देता है, जिसने गलती से दी गई अठन्नी उसे वापस कर दी थी। इस कहानी से हमें सावधानी, ईमानदारी और अच्छे चरित्र का महत्व समझ में आता है।
2. किसने कहा, किससे कहा?
(क) “बाबूजी, बड़े मजेदार सेब आए हैं।”
उत्तर: दुकानदार ने लेखक से कहा।
(ख) “सेब चुन-चुनकर रखना।”
उत्तर: लेखक ने दुकानदार से कहा।
3. एक वाक्य में उत्तर लिखो:
(क) दुकान पर किस रंग के सेब सजे हुए थे?
उत्तर: दुकान पर लाल-सिंदूरी रंग के सेब सजे हुए थे।
(ख) बनारस किस आम के लिए प्रसिद्ध है?
उत्तर: बनारस लंगड़े आम के लिए प्रसिद्ध है।
(ग) लेखक ने दुकानदार से कितने सेब माँगे?
उत्तर: लेखक ने दुकानदार से आधा सेर सेब माँगे।
(घ) लेखक ने दुकानदार को कितने पैसे दिए?
उत्तर: लेखक ने दुकानदार को चार आने दिए।
(ङ) फल खाने का उपयुक्त समय क्या है?
उत्तर: फल खाने का उपयुक्त समय प्रातःकाल है।
4. संक्षेप में उत्तर लिखो:
(क) हमारे बदले हुए खाद्याभ्यास के बारे में लेखक का क्या विचार है?
उत्तर: लेखक का विचार है कि समय के साथ लोगों के खाद्याभ्यास में बहुत परिवर्तन आया है। अब लोग भोजन में विटामिन, प्रोटीन और पौष्टिक तत्वों पर अधिक ध्यान देने लगे हैं। पहले टमाटर और गाजर जैसी चीज़ों को साधारण माना जाता था, परंतु उनके पौष्टिक गुणों का पता चलने के बाद वे भोजन का महत्वपूर्ण हिस्सा बन गई हैं। इसी प्रकार सेब को भी स्वास्थ्य के लिए लाभकारी फल माना जाने लगा है।
(ख) सेब खाने के क्या-क्या लाभ हैं?
उत्तर: सेब स्वादिष्ट होने के साथ-साथ स्वास्थ्य के लिए भी लाभकारी है। इसमें अनेक पौष्टिक तत्व और विटामिन पाए जाते हैं। नियमित रूप से सेब खाने से शरीर स्वस्थ रहता है और कई बीमारियों से बचाव में सहायता मिलती है। इसी कारण कहा जाता है कि प्रतिदिन एक सेब खाने से डॉक्टर से दूर रहा जा सकता है।
(ग) लेखक ने प्रातःकाल खाने के लिए जब सेब निकाले तो वे किस हालत में मिले?
उत्तर: प्रातःकाल जब लेखक ने सेब खाने के लिए निकाले, तो लगभग सभी सेब खराब निकले। एक सेब का कुछ भाग गल चुका था, दूसरा आधा सड़ा हुआ था, तीसरा दबकर पिचक गया था और चौथे सेब में एक काला सुराख था। इस प्रकार दुकानदार ने लेखक को खराब सेब दे दिए थे।
(घ) दुकानदार को लेखक से बेईमानी करने का अवसर कैसे मिला?
उत्तर: लेखक ने दुकानदार पर विश्वास करते हुए सेबों को स्वयं जाँचने के बजाय उनसे कहा कि वह अच्छे सेब चुनकर रख दे। दुकानदार समझ गया कि लेखक सेबों को ध्यान से नहीं देख रहा है और शायद उन्हें वापस करने भी नहीं आएगा। इसी असावधानी का लाभ उठाकर दुकानदार ने लेखक को खराब और सड़े हुए सेब दे दिए।
(ङ) खोमचेवाले की ईमानदारी के बारे में लेखक ने क्या कहा है?
उत्तर: लेखक ने बताया कि एक बार मुहर्रम के मेले में उसने एक खोमचेवाले से एक पैसे की रेवड़ियाँ खरीदीं और भूल से एक पैसे की जगह अठन्नी दे दी। घर जाकर जब लेखक को अपनी भूल का पता चला, तो वह वापस खोमचेवाले के पास गया। उसे आशा नहीं थी कि खोमचेवाला अठन्नी लौटाएगा, परंतु उसने प्रसन्नतापूर्वक अठन्नी वापस कर दी और उलटे लेखक से अपनी भूल के लिए क्षमा भी माँगी। इससे उसकी ईमानदारी का परिचय मिलता है।
(च) इस कहानी से क्या शिक्षा मिलती है?
उत्तर: इस कहानी से हमें यह शिक्षा मिलती है कि कोई भी वस्तु खरीदते समय हमें सावधान और सतर्क रहना चाहिए। केवल दुकानदार की मीठी बातों या वस्तु के बाहरी रूप पर भरोसा नहीं करना चाहिए, बल्कि वस्तु की अच्छी तरह जाँच कर लेनी चाहिए। साथ ही, कहानी हमें यह भी सिखाती है कि हमें स्वयं ईमानदार रहना चाहिए और किसी के विश्वास का अनुचित लाभ नहीं उठाना चाहिए।
5. “चार पैसों का इतना गम न हुआ, जितना समाज के इस चारित्रिक पतन का।” लेखक ने किस परिस्थिति में ऐसा कहा है?
उत्तर: जब लेखक ने प्रातःकाल सेब खाने के लिए लिफाफा खोला, तो उसने देखा कि सभी सेब खराब और सड़े हुए थे। तब उसे समझ में आया कि दुकानदार ने जानबूझकर उसकी असावधानी का लाभ उठाकर उसे ठगा है।
लेखक को चार पैसे के नुकसान का उतना दुख नहीं हुआ, जितना इस बात का कि समाज में ईमानदारी और चरित्र का पतन हो रहा है। उसे चिंता इस बात की थी कि लोग थोड़े-से लाभ के लिए भी दूसरों के साथ बेईमानी करने लगे हैं। इसी परिस्थिति में लेखक ने यह बात कही।
6. सत्य कथन के सामने [✓] और असत्य कथन के सामने [×] का निशान लगाओ:
(i) गाजर में अधिक विटामिन पाया जाता है।
उत्तर: [✓]
(ii) अल्फ़ाँसो सेब की एक किस्म है।
उत्तर: [×]
(iii) फल खाने का सही समय रात है।
उत्तर: [×]
(iv) चौथे सेब में एक काला सुराख था।
उत्तर: [✓]
(v) दुकानदार ने लेखक को बढ़िया सेब दिए थे।
उत्तर: [×]
(vi) आदमी बेईमानी तभी करता है, जब उसे अवसर मिलता है।
उत्तर: [✓]
(vii) लेखक ने दुकानदार को सेब की कीमत के रूप में चार आने दिए थे।
उत्तर: [✓]
(viii) एक सेब भी खाने लायक नहीं था।
उत्तर: [✓]
(ix) सभी दुकानदार बेईमानी करते हैं।
उत्तर: [×]
(x) खोमचेवाले ने लेखक की अठन्नी नहीं लौटाई।
उत्तर: [×]
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